UP: दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण को रोकने के लिए Commission for Air Quality Management (CAQM) ने नोएडा में ‘ऑपरेशन क्लीन एयर’ चलाया। 8 मई 2026 को हुई इस कार्रवाई में सड़कों पर भारी धूल और निर्माण सामग्री का कचरा
UP: दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण को रोकने के लिए Commission for Air Quality Management (CAQM) ने नोएडा में ‘ऑपरेशन क्लीन एयर’ चलाया। 8 मई 2026 को हुई इस कार्रवाई में सड़कों पर भारी धूल और निर्माण सामग्री का कचरा पाया गया। इस अभियान का मकसद यह देखना था कि क्या स्थानीय प्रशासन धूल नियंत्रण के नियमों का पालन कर रहा है या नहीं।
नोएडा के किन इलाकों में मिली खामियां और क्या था हाल?
CAQM की 19 फ्लाइंग स्क्वॉड टीमों ने नोएडा अथॉरिटी के अधिकार क्षेत्र में आने वाले 46 रोड स्ट्रेच की जांच की। इस दौरान सेक्टर 20, 21, 59, 62, 80, 82, 83, 84, 87, 88, 138, 140, 141 और 145 जैसे इलाकों में धूल और C&D वेस्ट (निर्माण और विध्वंस कचरा) जमा मिला। जांच में पता चला कि सड़कों की सफाई ठीक से नहीं हो रही है और धूल दबाने के उपायों में लापरवाही बरती गई है।
CAQM ने नोएडा अथॉरिटी को क्या निर्देश दिए?
कमी पाए जाने के बाद CAQM ने नोएडा अथॉरिटी को सख्त निर्देश दिए हैं कि वे मशीनों से सड़कों की सफाई करें और समय-समय पर पानी का छिड़काव करें। साथ ही, सड़क किनारे जमा मलबे को तुरंत हटाने को कहा गया है। आयोग ने साफ किया है कि अगर भविष्य में लापरवाही मिली, तो जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
प्रदूषण नियंत्रण के लिए आगे क्या होगा?
CAQM ने बताया है कि ‘ऑपरेशन क्लीन एयर’ दिल्ली-एनसीआर के अन्य इलाकों में भी जारी रहेगा ताकि प्रदूषण फैलाने वाले हॉटस्पॉट्स की पहचान की जा सके। आयोग का मानना है कि शहरी इलाकों में सड़क की धूल हवा को खराब करने वाला एक बड़ा कारण है। इसके लिए कचरा उठाने की व्यवस्था को मजबूत करने और सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट नियमों का सख्ती से पालन करने पर जोर दिया गया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
नोएडा में ‘ऑपरेशन क्लीन एयर’ के तहत क्या पाया गया?
CAQM की जांच में नोएडा के 14 सेक्टरों सहित 46 रोड स्ट्रेच पर भारी मात्रा में सड़क की धूल और निर्माण कार्य का कचरा (C&D Waste) जमा मिला।
CAQM ने लापरवाही पर क्या चेतावनी दी है?
आयोग ने कहा है कि धूल नियंत्रण उपायों में किसी भी तरह की चूक या अधिकारियों की लापरवाही को गंभीरता से लिया जाएगा और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होगी।