Bihar बनेगा देश का नया AI कैपिटल, सरकार ने तैयार किया ‘Bihar AI Policy 2026’ का रोडमैप

Bihar: बिहार अब केवल मजदूरों का राज्य नहीं रहेगा, बल्कि दुनिया को नई तकनीक देने वाला इनोवेशन हब बनेगा। राज्य सरकार ने इसके लिए ‘Bihar AI Policy 2026’ का एक विजनरी रोडमैप तैयार किया है। पटना में सूचना प्रौद्यो

Bihar: बिहार अब केवल मजदूरों का राज्य नहीं रहेगा, बल्कि दुनिया को नई तकनीक देने वाला इनोवेशन हब बनेगा। राज्य सरकार ने इसके लिए ‘Bihar AI Policy 2026’ का एक विजनरी रोडमैप तैयार किया है। पटना में सूचना प्रौद्योगिकी विभाग ने इस पॉलिसी के ड्राफ्ट पर चर्चा के लिए एक हाई-प्रोफाइल बैठक की, जिसमें देश-विदेश के टेक दिग्गजों ने हिस्सा लिया।

मुख्यमंत्री Samrat Choudhary ने कहा कि सरकार जल्द ही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) पॉलिसी लागू करेगी ताकि बिहार को एक बड़ा AI हब बनाया जा सके। उन्होंने बताया कि AI के इस्तेमाल से सरकारी कामकाज में पारदर्शिता आएगी और कल्याणकारी योजनाओं का लाभ लोगों तक बेहतर तरीके से पहुंचेगा। मुख्यमंत्री ने सभी विभागों को AI का अधिकतम उपयोग करने का निर्देश दिया है। खास तौर पर ‘सहयोग शिविरों’ में शिकायतों के निपटारे के लिए 30 दिन की समय सीमा तय की गई है, जिसमें लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर निलंबन की कार्रवाई होगी।

तकनीकी विकास को रफ्तार देने के लिए बिहार सरकार ने कई बड़े कदम उठाए हैं। 17 फरवरी 2026 को नई दिल्ली में आयोजित इंडिया AI इम्पैक्ट समिट में 468 करोड़ रुपये के MoU साइन किए गए। इसमें IIT Patna में एक बड़ा AI सेंटर ऑफ एक्सीलेंस और 250 करोड़ रुपये का रिसर्च पार्क बनाना शामिल है। हाल ही में 24 जून 2026 को बिहार कैबिनेट ने Google Cloud India Private और Microsoft जैसी दिग्गज कंपनियों के साथ साझेदारी को मंजूरी दी है।

IT मंत्री Nitish Mishra के मुताबिक, बिहार अब तकनीकी प्रशासन और इनोवेशन में तेजी से आगे बढ़ रहा है। सरकार का लक्ष्य है कि बिहार को केवल मानव संसाधन देने वाले राज्य के बजाय एंटरप्रेन्योरशिप और टेक्निकल लीडरशिप का नया मॉडल बनाया जाए। इस पॉलिसी के तहत डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत किया जाएगा, जिससे युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और छात्रों के लिए AI स्किलिंग प्रोग्राम शुरू किए जाएंगे।