Bihar: राज्य में सोमवार को आए भीषण आंधी-तूफान और बिजली गिरने से कई जिलों में भारी तबाही हुई है। भीषण गर्मी और उमस के बाद आए इस अचानक मौसम बदलाव में 12 से 27 लोगों की जान चली गई और कई लोग घायल हो गए। इस प्राकृतिक आपदा को
Bihar: राज्य में सोमवार को आए भीषण आंधी-तूफान और बिजली गिरने से कई जिलों में भारी तबाही हुई है। भीषण गर्मी और उमस के बाद आए इस अचानक मौसम बदलाव में 12 से 27 लोगों की जान चली गई और कई लोग घायल हो गए। इस प्राकृतिक आपदा को काल बैसाखी कहा जा रहा है, जिसने राज्य के बड़े हिस्से में जान-माल का भारी नुकसान किया है।
किन जिलों में हुआ सबसे ज्यादा नुकसान
इस तूफान से पूर्वी चंपारण, गया और औरंगाबाद जिले सबसे ज्यादा प्रभावित रहे। पूर्वी चंपारण में 5 से 6 लोगों की मौत हुई, जहां एक टेंपो पर पेड़ गिरने से 3 लोग मारे गए और बिजली गिरने से 10 घरों में आग लग गई। गया में 4 से 7 और औरंगाबाद में 3 लोगों की मौत की खबर है। इसके अलावा सीतामढ़ी में बिजली का खंभा गिरने से 2 महिलाओं की जान चली गई। रोहतास, वैशाली, भोजपुर, पटना, नालंदा और गोपालगंज में भी नुकसान की खबरें आई हैं।
सरकार की मदद और प्रशासन की अपील
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने इस हादसे पर दुख जताया है। उन्होंने आपदा राहत कोष से मृतक के परिजनों को 4 लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने का निर्देश दिया है। आपदा प्रबंधन विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान वे घरों के अंदर रहें और पेड़ों या खुले स्थानों से दूर रहें। IMD ने 4 से 6 मई के बीच अलर्ट जारी किया था और पटना व भोजपुर समेत 10 जिलों के लिए अगले 48 से 72 घंटों तक भारी अलर्ट जारी रखा गया है।
बिजली और यातायात पर क्या असर पड़ा
तूफान की वजह से राज्य की बिजली व्यवस्था चरमरा गई है। गोपालगंज जिले में 70 बिजली के खंभे और 12 ट्रांसफार्मर टूट गए हैं। सड़कों पर पेड़ गिरने से कई जगह रास्ता बंद हो गया। कटिहार रेल मंडल के आजमनगर स्टेशन पर एक पेड़ की डाल हाईटेंशन तार पर गिरी, जिससे प्लेटफॉर्म पर धुआं फैल गया और ट्रेन करीब एक घंटे तक रुकी रही। कुछ इलाकों में ग्रामीणों ने बचाव कार्य और दमकल की गाड़ियों के देर से पहुंचने पर नाराजगी जताई है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
बिहार में इस आपदा में कुल कितने लोगों की मौत हुई है
विभिन्न रिपोर्टों के अनुसार मरने वालों की संख्या 12 से 27 के बीच है। इनमें से 18 लोगों की मौत बिजली गिरने से और 8 लोगों की मौत दीवार या पेड़ गिरने की वजह से हुई है।
मृतकों के परिजनों को सरकार कितनी मदद देगी
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के निर्देशानुसार, मृतक के परिजनों को आपदा राहत कोष से 4 लाख रुपये की अनुग्रह राशि दी जाएगी।