Bihar: बिहार स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने राज्य में अपराध और नक्सलवाद के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाया है। 1 जनवरी 2026 से 22 अप्रैल 2026 के बीच की गई इस कार्रवाई में कुल 720 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है। पटना स्थित पुल
Bihar: बिहार स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने राज्य में अपराध और नक्सलवाद के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाया है। 1 जनवरी 2026 से 22 अप्रैल 2026 के बीच की गई इस कार्रवाई में कुल 720 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है। पटना स्थित पुलिस मुख्यालय में DIG संजय कुमार सिंह और DIG नीरज कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इन सफलताओं की जानकारी दी है।
STF ने अपराधियों और नक्सलियों पर कैसे की कार्रवाई?
STF ने संगठित अपराध और नक्सल विरोधी अभियानों में बड़ी सफलता पाई है। इस दौरान 10 मुठभेड़ें हुईं, जिनमें 3 अपराधी मारे गए और 7 घायल हुए। हत्या, लूट और डकैती जैसे 38 गंभीर मामलों में एक्शन लिया गया। नक्सलवाद के मोर्चे पर 3 लाख रुपये के इनामी सुरेश कोडा उर्फ मुस्तकीम और 2 लाख रुपये के इनामी दीपक पांडे ने सरेंडर किया है। राज्य के जमुई, लखीसराय, गया और औरंगाबाद जैसे संवेदनशील जिलों में कड़ी निगरानी रखी जा रही है।
भारत-नेपाल बॉर्डर पर सुरक्षा और जब्ती का क्या अपडेट है?
नेपाल सीमा पर तस्करी रोकने के लिए STF, SSB और स्थानीय पुलिस की एक संयुक्त टीम बनाई गई है। 13 अनुमंडलों और 69 थानों के संवेदनशील इलाकों में 40-40 जवानों की चार यूनिट तैनात की गई हैं। बॉर्डर पर की गई कार्रवाई का विवरण नीचे दिया गया है:
| विवरण |
आंकड़े/जानकारी |
| गिरफ्तार लोग |
146 व्यक्ति |
| कुल मामले |
128 केस |
| नशीले पदार्थ |
95 किलो डोडा, 590 किलो गांजा |
| अन्य जब्ती |
अफीम, कफ सिरप और 2 लाख रुपये कैश |
साइबर क्राइम और पुलिस ट्रेनिंग पर क्या कदम उठाए गए?
STF ने डिजिटल अपराधों पर भी लगाम कसी है। ATM फ्रॉड, बैंक लोन फ्रॉड और डेटा चोरी से जुड़े 11 बड़े मामलों को सुलझाया गया। इसके अलावा, पुलिस की कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए 1,407 जवानों को ट्रेनिंग दी गई। इसमें से 1,145 जवानों को STF ट्रेनिंग विंग ने और 262 को अन्य यूनिट्स ने तकनीकी और ऑपरेशनल ट्रेनिंग दी है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
बिहार STF ने कितने अपराधियों को गिरफ्तार किया है?
1 जनवरी 2026 से 22 अप्रैल 2026 के बीच बिहार STF ने कुल 720 अपराधियों को गिरफ्तार किया है।
नेपाल बॉर्डर पर सुरक्षा के लिए क्या इंतजाम किए गए हैं?
STF, SSB और स्थानीय पुलिस की संयुक्त टीमें बनाई गई हैं, जिनमें 40-40 जवानों की यूनिट्स को संवेदनशील इलाकों में तैनात किया गया है।