Bihar के सीतामढ़ी ने नीति आयोग की रैंकिंग में देश में पाया तीसरा स्थान, पूर्णिया रहा पहले नंबर पर
सीतामढ़ी: नीति आयोग ने मार्च 2026 की आकांक्षी जिलों की डेल्टा रैंकिंग जारी की है। इस लिस्ट में बिहार के सीतामढ़ी जिले ने देशभर में तीसरा स्थान हासिल किया है। यह रैंकिंग उन पिछड़े जिलों के विकास को मापती है जो आकांक्षी जि
सीतामढ़ी: नीति आयोग ने मार्च 2026 की आकांक्षी जिलों की डेल्टा रैंकिंग जारी की है। इस लिस्ट में बिहार के सीतामढ़ी जिले ने देशभर में तीसरा स्थान हासिल किया है। यह रैंकिंग उन पिछड़े जिलों के विकास को मापती है जो आकांक्षी जिला कार्यक्रम (ADP) का हिस्सा हैं। बिहार के लिए यह गर्व की बात है कि पूर्णिया जिला इस रैंकिंग में देश में पहले स्थान पर रहा है।
सीतामढ़ी की इस सफलता में स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि और बुनियादी ढांचे जैसे क्षेत्रों में हुए सुधारों का बड़ा हाथ है। जिले के जिलाधिकारी (DM) रिची पाण्डेय ने इस उपलब्धि के लिए सभी विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों को बधाई दी है। उन्होंने कहा कि यह टीम वर्क और नियमित निगरानी का नतीजा है। इस पूरे अभियान में पिरामल फाउंडेशन ने डेटा विश्लेषण और जमीनी स्तर पर निगरानी में तकनीकी मदद दी है।
विभिन्न क्षेत्रों में सीतामढ़ी के प्रदर्शन का विवरण नीचे दिया गया है:
| क्षेत्र | देश में रैंक | डेल्टा स्कोर (पहले से अब) |
|---|---|---|
| बुनियादी ढांचा | तीसरा | 47.3 से 65.8 |
| कृषि, वानिकी और जल संसाधन | चौथा | 39.7 से 50.2 |
| स्वास्थ्य एवं पोषण | 15वां | 71.6 से 83.5 |
| शिक्षा की गुणवत्ता | 19वां | – |
| वित्तीय समावेशन | 20वां | – |
स्वास्थ्य के क्षेत्र में सुधार के लिए जिले में संस्थागत प्रसव को बढ़ावा दिया गया और शत-प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित किया गया। साथ ही कुपोषण को दूर करने के लिए प्रभावी कदम उठाए गए, जिससे जिले का स्कोर सुधरा है। शिक्षा और वित्तीय समावेशन के क्षेत्र में भी जिले ने अपनी स्थिति बेहतर की है।