Bihar: बिहार में शराबबंदी कानून को लागू हुए 10 साल हो गए हैं। इस दौरान राज्य में शराब के खिलाफ बड़ी कार्रवाई हुई है और अब सरकार जमीन-मकान की रजिस्ट्री को पूरी तरह डिजिटल बनाने जा रही है। निबंधन विभाग ने पिछले साल रिकॉर्ड
Bihar: बिहार में शराबबंदी कानून को लागू हुए 10 साल हो गए हैं। इस दौरान राज्य में शराब के खिलाफ बड़ी कार्रवाई हुई है और अब सरकार जमीन-मकान की रजिस्ट्री को पूरी तरह डिजिटल बनाने जा रही है। निबंधन विभाग ने पिछले साल रिकॉर्ड राजस्व जुटाया है, जिससे राज्य की आर्थिक स्थिति को मजबूती मिली है।
शराबबंदी के 10 साल और अब तक की कार्रवाई
बिहार में शराबबंदी के पिछले 10 सालों में 11 लाख से ज्यादा केस दर्ज किए गए हैं और करीब 17 लाख लोगों को गिरफ्तार किया गया है। साल 2026 में शराब के खिलाफ छापेमारी और बढ़ी है। Prohibition and State Excise Intelligence Bureau के मुताबिक, फरवरी 2026 तक शराब की जब्ती में 2025 के मुकाबले 18% की बढ़ोतरी हुई है। डिप्टी सीएम विजय कुमार चौधरी ने साफ किया है कि शराबबंदी कानून को हटाया नहीं जाएगा और इसे सख्ती से लागू रखा जाएगा।
रजिस्ट्री विभाग की कमाई और नया डिजिटल सिस्टम
बिहार के निबंधन विभाग ने साल 2025-26 में 8403 करोड़ रुपये का रिकॉर्ड राजस्व जुटाया है। अब सरकार रजिस्ट्री की पूरी प्रक्रिया को पेपरलेस बनाने की तैयारी में है। 1 अप्रैल 2026 से जमीन रजिस्ट्रेशन के लिए नया डिजिटल सिस्टम शुरू किया गया है। इसके तहत अब जमीन, मकान और फ्लैट की सैटेलाइट इमेज ऑनलाइन अपलोड करना अनिवार्य होगा। इस बदलाव का मकसद धोखाधड़ी रोकना और पारदर्शिता लाना है।
आम आदमी के लिए रजिस्ट्री के नए नियम
- रजिस्ट्रेशन के लिए अब e-registration पोर्टल पर अकाउंट बनाना जरूरी होगा।
- प्रॉपर्टी रजिस्ट्रेशन के समय 13 जरूरी जानकारियां देनी होंगी।
- 5 करोड़ पुराने दस्तावेजों को डिजिटल किया जा रहा है ताकि लोग इन्हें ऑनलाइन देख सकें।
- यह पूरी प्रक्रिया ‘सात निश्चय-3’ प्रोग्राम का हिस्सा है जिससे म्यूटेशन का काम आसान होगा।
Frequently Asked Questions (FAQs)
बिहार में अब जमीन रजिस्ट्री कैसे होगी?
अब रजिस्ट्री प्रक्रिया डिजिटल और पेपरलेस होगी। इसके लिए e-registration पोर्टल पर अकाउंट बनाना होगा और जमीन की सैटेलाइट इमेज अपलोड करना अनिवार्य होगा।
शराबबंदी कानून पर सरकार का क्या स्टैंड है?
डिप्टी सीएम विजय कुमार चौधरी के अनुसार, बिहार में शराबबंदी कानून को हटाया नहीं जाएगा और इसे पूरी सख्ती से लागू रखा जाएगा।