Bihar: बिहार में अब सड़क दुर्घटना के बाद जब्त किए गए वाहनों को वापस पाने के लिए लंबा इंतजार नहीं करना होगा। पुलिस मुख्यालय ने आदेश दिया है कि सामान्य मामलों में गाड़ियां 24 घंटे के भीतर मालिकों को लौटा दी जाएं। इस फैसले
Bihar: बिहार में अब सड़क दुर्घटना के बाद जब्त किए गए वाहनों को वापस पाने के लिए लंबा इंतजार नहीं करना होगा। पुलिस मुख्यालय ने आदेश दिया है कि सामान्य मामलों में गाड़ियां 24 घंटे के भीतर मालिकों को लौटा दी जाएं। इस फैसले का मकसद आम लोगों की परेशानी कम करना और ‘ईज ऑफ लिविंग’ को बढ़ावा देना है।
गाड़ी वापस मिलने की प्रक्रिया क्या होगी?
अपर पुलिस महानिदेशक (यातायात) सुधांशु कुमार ने सभी जिलों के SSP और SP को निर्देश दिए हैं कि वाहन छोड़ने से पहले कुछ जरूरी कागजी कार्रवाई पूरी की जाए। पुलिस या जांच अधिकारी को दो गवाहों के सामने पंचनामा बनाना होगा और गाड़ी की हर तरफ से फोटो लेनी होगी। इन दस्तावेजों पर पीड़ित और आरोपी दोनों के साइन लिए जाएंगे। इसके बाद पोर्टल पर एंट्री कर 24 घंटे के अंदर गाड़ी मालिक को सौंप दी जाएगी।
किन मामलों में नहीं मिलेगा यह फायदा?
यह नियम सभी तरह के मामलों में लागू नहीं होगा। अगर गाड़ी किसी गंभीर अपराध में शामिल है, तो उसे 24 घंटे में नहीं छोड़ा जाएगा। ऐसे मामले नीचे दिए गए हैं:
- आर्म्स एक्ट, नारकोटिक्स और विस्फोटक के मामले
- अवैध शराब, रंगदारी, डकैती और लूट
- हत्या और दुष्कर्म के मामले
- बंटवारा या उत्तराधिकार से जुड़े विवाद
इन गंभीर मामलों में गाड़ी वापस पाने के लिए कोर्ट का आदेश लाना जरूरी होगा।
शिकायत के लिए व्हाट्सएप नंबर जारी
पुलिस मुख्यालय ने इस आदेश का पालन सही से हो रहा है या नहीं, इसकी निगरानी के लिए एक व्हाट्सएप नंबर 9031829356 जारी किया है। अगर किसी वाहन मालिक को गाड़ी मिलने में दिक्कत होती है, तो वे इस नंबर पर तय फॉर्मेट में जानकारी भेज सकते हैं। साथ ही, पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे सुप्रीम कोर्ट के आदेश के मुताबिक 50 दिनों के भीतर अंतरिम दुर्घटना रिपोर्ट (IAR) जमा करें।