Bihar: पटना के महावीर कैंसर संस्थान को एक आधुनिक सेंगर सीक्वेंसिंग मशीन मिली है। इस मशीन के आने से अब कैंसर के जीन की सटीक पहचान करना आसान हो जाएगा। यह मशीन रिसर्च और बीमारी के निदान, दोनों कामों में मदद करेगी जिससे मरीज
Bihar: पटना के महावीर कैंसर संस्थान को एक आधुनिक सेंगर सीक्वेंसिंग मशीन मिली है। इस मशीन के आने से अब कैंसर के जीन की सटीक पहचान करना आसान हो जाएगा। यह मशीन रिसर्च और बीमारी के निदान, दोनों कामों में मदद करेगी जिससे मरीजों को बेहतर इलाज मिल सकेगा।
क्या है यह मशीन और कैसे करेगी काम?
इस मशीन का नाम ‘Applied Biosystems CQ Studio Genetic Analyzer of Thermo Fisher’ है। यह एक ऑटोमैटिक सिस्टम है जो फ्लोरेसेंस तकनीक पर आधारित है। यह मशीन एक ही बार में कई सैंपल्स की जांच कर सकती है। यह डीएनए सीक्वेंसिंग और डीएनए फ्रैगमेंट एनालिसिस जैसे जरूरी कामों के लिए इस्तेमाल की जाएगी।
मशीन की मुख्य विशेषताएं और फायदे
- यह जीनोमिक सीक्वेंसिंग और जीन एक्सप्रेशन जैसे विभिन्न टेस्ट करने में सक्षम है।
- इसमें एक एकीकृत कार्ट्रिज का उपयोग होता है, जिससे इसे चलाना आसान है।
- बिना किसी रखरखाव के यह मशीन 250 इंजेक्शन और 1000 नमूनों को प्रोसेस कर सकती है।
- इसका सॉफ्टवेयर एक ही प्लेट पर सीक्वेंसिंग और फ्रैगमेंट एनालिसिस दोनों को सपोर्ट करता है।
किन बीमारियों और जांच में होगी मदद?
इस मशीन के जरिए माइक्रोबियल आइडेंटिफिकेशन, MSI और टारगेटेड सीक्वेंसिंग (वेरिएंट वैलिडेशन) जैसे काम किए जाएंगे। यह मशीन थर्मोफिशर कंपनी द्वारा सप्लाई की गई है। इससे स्थानीय स्तर पर जेनेटिक एनालिसिस की सुविधा उपलब्ध होगी, जिससे मरीजों को बाहर नहीं जाना पड़ेगा।