Bihar में नवजात अदला-बदली कांड पर पटना हाई कोर्ट सख्त, SP को सौंपी जांच, रिकॉर्ड में ‘Male’ को ‘Female’ करने का आरोप
Bihar/Nalanda: नालंदा जिले में तीन साल पहले हुए नवजात बच्चों की अदला-बदली के मामले में पटना हाई कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है। कोर्ट ने इस पूरे मामले की गंभीरता को देखते हुए अब इसकी जांच की कमान नालंदा के Superintendent of
Bihar/Nalanda: नालंदा जिले में तीन साल पहले हुए नवजात बच्चों की अदला-बदली के मामले में पटना हाई कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है। कोर्ट ने इस पूरे मामले की गंभीरता को देखते हुए अब इसकी जांच की कमान नालंदा के Superintendent of Police (SP) को सौंप दी है। कोर्ट ने साफ कहा है कि लापता बेटे की तलाश की जाए और इसकी रिपोर्ट जल्द जमा की जाए।
यह पूरा मामला 25 मार्च 2023 को जन्मे एक बच्चे से जुड़ा है, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया था। कोर्ट ने पाया कि अस्पताल के रिकॉर्ड में गड़बड़ी की गई थी। एक डॉक्टर ने यह बात स्वीकार की है कि उन्होंने खुद रजिस्टर में ‘Male’ के आगे ‘FE’ जोड़कर उसे ‘Female’ बना दिया था। कोर्ट के मुताबिक पहली नजर में यह साफ दिख रहा है कि अस्पताल परिसर में बेटे की जगह बेटी की अदला-बदली की गई थी।
हाई कोर्ट ने नालंदा SP को निर्देश दिया है कि वे खुद इस जांच की निगरानी करें और हर दिन लापता बच्चे की तलाश के लिए कदम उठाएं। SP को एक महीने के भीतर इस कार्रवाई की रिपोर्ट कोर्ट में पेश करनी होगी। फिलहाल कोर्ट का मुख्य मकसद उस बच्चे का पता लगाना है जो मार्च 2023 में पैदा हुआ था।
जांच में अस्पताल की बड़ी लापरवाही सामने आई है। बताया गया कि बच्चा करीब 17 दिनों तक ICU में रहा, लेकिन उस दौरान परिवार को उससे मिलने नहीं दिया गया। साथ ही अस्पताल के NICU में न तो कोई CCTV कैमरा था और न ही सुरक्षा गार्ड तैनात थे। अस्पताल के एंट्री और एग्जिट रजिस्टर भी सही तरीके से नहीं रखे गए थे। पुलिस की अब तक की जांच पर भी हाई कोर्ट ने नाराजगी जताई है।