Bihar: मुजफ्फरपुर में NEET परीक्षा के नाम पर छात्रों से लाखों रुपये ठगने वाले मनीष कुमार की मुश्किलें बढ़ गई हैं। पुलिस अब उसकी अवैध संपत्ति को जब्त करने और बैंक खातों को फ्रीज करने की तैयारी कर रही है। आरोपी ने टेलीग्रा
Bihar: मुजफ्फरपुर में NEET परीक्षा के नाम पर छात्रों से लाखों रुपये ठगने वाले मनीष कुमार की मुश्किलें बढ़ गई हैं। पुलिस अब उसकी अवैध संपत्ति को जब्त करने और बैंक खातों को फ्रीज करने की तैयारी कर रही है। आरोपी ने टेलीग्राम के जरिए छात्रों को झांसा देकर मोटी रकम वसूली थी।
मनीष कुमार ने कैसे किया ठगी का खेल
मनीष कुमार ने टेलीग्राम पर ‘ऑफिशियल नीट एग्जाम 2026’ नाम से एक चैनल बनाया था। उसने खुद को ‘NTA ऑफिशियल’ बताकर छात्रों को भरोसा दिलाया कि वह उन्हें पेपर उपलब्ध कराएगा। वह प्रति छात्र 50 से 60 लाख रुपये की मांग करता था, जिसमें से 1.5 से 2 लाख रुपये एडवांस के तौर पर लिए जाते थे। भुगतान के लिए फोनपे क्यूआर कोड और इंडसइंड बैंक व फिनो पे खातों का इस्तेमाल किया गया था।
पुलिस की कार्रवाई और गिरोह का कनेक्शन
सिकंदरपुर पुलिस ने 2 मई 2026 को गुप्त सूचना के आधार पर मनीष कुमार को बालूघाट से गिरफ्तार किया था। जांच में पता चला कि उसका संबंध निखिल कुमार ठाकुर से था, जिसे यूपी पुलिस ने लखनऊ से पकड़ा है। निखिल को इस पूरे साइबर गिरोह का मास्टरमाइंड माना जा रहा है, जो NEET के साथ-साथ UPSC के फर्जी पेपर देने का वादा भी करता था।
CBI जांच और परीक्षा का रद्द होना
NEET UG 2026 की परीक्षा 3 मई 2026 को होनी थी, लेकिन पेपर लीक के आरोपों के कारण इसे रद्द कर दिया गया। अब इस पूरे मामले की जांच CBI कर रही है। सूत्रों के मुताबिक, CBI पटना से दो अन्य लोगों को भी हिरासत में ले चुकी है और जल्द ही मुजफ्फरपुर के मनीष झा से भी पूछताछ की जा सकती है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
मनीष कुमार ने ठगी के लिए किस माध्यम का इस्तेमाल किया?
मनीष कुमार ने टेलीग्राम पर ‘ऑफिशियल नीट एग्जाम 2026’ नाम से चैनल बनाया था और ‘NTA ऑफिशियल’ यूजरनेम का इस्तेमाल कर छात्रों को धोखा दिया।
पेपर दिलाने के बदले कितनी रकम मांगी गई थी?
आरोपी प्रति उम्मीदवार 50 से 60 लाख रुपये की मांग कर रहा था और एडवांस के तौर पर 1.5 से 2 लाख रुपये लेता था।