Bihar के गयाजी में जुटे सभी 243 विधायक, उपराष्ट्रपति करेंगे उद्घाटन, CM बोले- दूसरी प्रशासनिक राजधानी बन रहा गया
Bihar/Gaya: गयाजी में आज से बिहार के सभी 243 विधायकों के लिए दो दिवसीय प्रबोधन (ओरिएंटेशन) कार्यक्रम शुरू हो रहा है। यह आयोजन 11 और 12 जुलाई 2026 को बिहार लोक प्रशासन एवं ग्रामीण विकास संस्थान (BIPARD) परिसर में किया जा
Bihar/Gaya: गयाजी में आज से बिहार के सभी 243 विधायकों के लिए दो दिवसीय प्रबोधन (ओरिएंटेशन) कार्यक्रम शुरू हो रहा है। यह आयोजन 11 और 12 जुलाई 2026 को बिहार लोक प्रशासन एवं ग्रामीण विकास संस्थान (BIPARD) परिसर में किया जा रहा है। इस कार्यक्रम का उद्घाटन भारत के उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन करेंगे।
इस खास ट्रेनिंग प्रोग्राम का आयोजन बिहार विधानसभा सचिवालय, लोकसभा की संस्था ‘PRIDE’ और बिहार सरकार के BIPARD ने मिलकर किया है। इसमें नए और पुराने सभी विधायकों को संसदीय प्रक्रियाओं, सदन के नियमों और लोकतांत्रिक मूल्यों की जानकारी दी जाएगी। विधायकों को प्रश्नकाल, शून्यकाल और ध्यानाकर्षण प्रस्ताव जैसे विधायी कार्यों की व्यावहारिक जानकारी दी जाएगी। साथ ही उन्हें NEVA तकनीक के जरिए विधानसभा की कार्यवाही को डिजिटल और पारदर्शी बनाने का प्रशिक्षण भी मिलेगा।
बिहार विधानसभा अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने बताया कि राज्य के इतिहास में पहली बार विधायकों को विधायी कार्यों में दक्ष बनाने के लिए ऐसी पहल की गई है। उन्होंने कहा कि इससे विधायक सरकारी योजनाओं को जमीन पर उतारने में ज्यादा प्रभावी भूमिका निभा सकेंगे। उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी और बिपार्ड के महानिदेशक बी राजेंद्र ने भी कार्यक्रम की तैयारियों और पूर्ण सहयोग की बात कही है।
इस मौके पर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, राज्यपाल, दोनों उपमुख्यमंत्री, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार, विधान परिषद के सभापति और राज्य सरकार के सभी मंत्री मौजूद रहेंगे। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला और राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह के भी इस सत्र में शामिल होने की संभावना है।
दूसरी तरफ मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने दावा किया है कि गया अब सूबे के नए पावर सेंटर के रूप में उभर रहा है और इसे बिहार की दूसरी प्रशासनिक राजधानी कहा जा सकता है। गया में पहले भी महत्वपूर्ण कैबिनेट बैठकें हो चुकी हैं और अब राष्ट्रीय स्तर के दिग्गजों की मौजूदगी से इसका प्रशासनिक महत्व और बढ़ गया है।
वीआईपी मूवमेंट को देखते हुए गया जिला प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। यातायात व्यवस्था को संभालने के लिए कई रास्तों पर वाहनों की आवाजाही को प्रतिबंधित कर दिया गया है ताकि कार्यक्रम के दौरान कोई परेशानी न हो।