Bihar में जल जीवन हरियाली अभियान की बड़ी कामयाबी, 95% योजनाएं पूरी; मंत्री संतोष कुमार सुमन ने पेश किया रिपोर्ट कार्ड
Bihar: बिहार के किसानों की आमदनी बढ़ाने और खेतों तक पानी पहुँचाने के लिए शुरू किया गया ‘जल जीवन हरियाली अभियान’ अब रंग ला रहा है। लघु जल संसाधन विभाग ने इस अभियान के तहत अपनी 95 फीसदी योजनाओं को पूरा कर लिया
Bihar: बिहार के किसानों की आमदनी बढ़ाने और खेतों तक पानी पहुँचाने के लिए शुरू किया गया ‘जल जीवन हरियाली अभियान’ अब रंग ला रहा है। लघु जल संसाधन विभाग ने इस अभियान के तहत अपनी 95 फीसदी योजनाओं को पूरा कर लिया है। मंत्री संतोष कुमार सुमन ने 18 जून 2026 को पटना के सूचना भवन में एक प्रेस वार्ता के दौरान इस कामयाबी का ब्यौरा साझा किया।
इस अभियान की शुरुआत साल 2019 में हुई थी। वित्तीय वर्ष 2025-26 तक कुल 2537 योजनाओं को मंजूरी मिली थी, जिनमें से 2371 योजनाएं अब पूरी हो चुकी हैं। इन कामों से करीब 2.52 लाख हेक्टेयर जमीन पर सिंचाई की सुविधा बढ़ी है और लगभग 1094 लाख घन मीटर पानी जमा करने की क्षमता वापस मिली है। सरकार ने इस अभियान के अच्छे नतीजों को देखते हुए इसे साल 2025 से 2030 तक आगे बढ़ाने का फैसला किया है।
आने वाले समय के लिए भी तैयारी शुरू हो गई है। वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 206.39 करोड़ रुपये की लागत से 154 नई योजनाएं बनाने का प्रस्ताव नाबार्ड से मंजूरी के लिए वित्त विभाग को भेजा गया है। इन नई योजनाओं से करीब 16585 हेक्टेयर अतिरिक्त जमीन की सिंचाई हो सकेगी।
| योजना/कार्यक्रम | कुल स्वीकृत योजनाएं | पूरी हुई योजनाएं | सिंचाई लाभ (हेक्टेयर) |
|---|---|---|---|
| जल जीवन हरियाली अभियान | 2537 | 2371 | 2.52 लाख |
| हर खेत तक सिंचाई का पानी | 2256 | 1837 | 2.27 लाख |
| मुख्यमंत्री निजी नलकूप योजना | – | 35,000 किसानों को अनुदान | 1.75 लाख |
मंत्री संतोष कुमार सुमन ने बताया कि इस अभियान का असर जमीन के नीचे के जल स्तर पर भी पड़ा है, जिससे खासकर दक्षिण बिहार के इलाकों में पानी की किल्लत कम हुई है। इस पूरे अभियान में 11 मुख्य मुद्दों पर काम हो रहा है, जिनमें से 7 मुद्दे पानी बचाने और जमा करने से जुड़े हैं। बाकी के चार काम पेड़ लगाने, जैविक खेती, सौर ऊर्जा के इस्तेमाल और लोगों को जागरूक करने पर केंद्रित हैं।
प्रेस वार्ता के दौरान अपर सचिव कार्तिकेय धनजी, संगीता सिंह, सुशांत कुमार और अभियंता प्रमुख सुनील कुमार समेत कई बड़े अधिकारी मौजूद थे।