Bihar में पेपर लीक रोकने के लिए बनेगा स्पेशल कमेटी, CM सम्राट चौधरी बोले- अब परीक्षाओं में होगी पूरी पारदर्शिता
Bihar: राज्य में होने वाली प्रतियोगी परीक्षाओं और बोर्ड एग्जाम्स में धांधली रोकने के लिए सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने रविवार, 9 अगस्त 2026 को घोषणा की कि राज्य में परीक्षाओं में सुधार के लिए एक
Bihar: राज्य में होने वाली प्रतियोगी परीक्षाओं और बोर्ड एग्जाम्स में धांधली रोकने के लिए सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने रविवार, 9 अगस्त 2026 को घोषणा की कि राज्य में परीक्षाओं में सुधार के लिए एक समर्पित कमेटी बनाई जाएगी। यह फैसला उन छात्रों और नौकरी की तैयारी करने वाले युवाओं के विरोध प्रदर्शनों के बाद लिया गया है, जिन्होंने पेपर लीक और अनियमितताओं के खिलाफ आवाज उठाई थी।
मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि आजकल टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल बहुत बढ़ गया है, ऐसे में अगर एक व्यक्ति की ईमानदारी डगमगाती है तो पूरा प्रश्न पत्र बाजार में पहुंच जाता है। इसी खतरे को देखते हुए सरकार अब एक ऐसा सिस्टम बनाना चाहती है जो पूरी तरह से ‘लीकेज प्रूफ’ हो। इसके लिए नई कमेटी दुनिया भर के आधुनिक परीक्षा मॉडल्स का अध्ययन करेगी और बिहार में उन्हें लागू करने का रास्ता निकालेगी।
सरकार अब केवल रटने की आदत को खत्म कर छात्रों की सोचने और समझने की क्षमता को परखने पर जोर देगी। इसके लिए स्कूल बोर्ड परीक्षाओं और भर्ती परीक्षाओं में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और एडवांस टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल किया जाएगा। साथ ही, पेपर लीक करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी और उन पर गुंडा एक्ट के तहत केस दर्ज किया जाएगा।
शिक्षा के क्षेत्र में सुधार के लिए कुछ और बड़े ऐलान भी किए गए हैं। राज्य में ‘क्वालिटी एजुकेशन’ के लिए एक राज्य स्तरीय कमेटी और ‘छात्र कल्याण निदेशालय’ का गठन किया जाएगा। इसके अलावा, सरकारी स्कूल के छात्रों के लिए 15 अगस्त से एक फ्री एजुकेशन मोबाइल ऐप लॉन्च किया जाएगा। छात्रों की समस्याओं को सीधे सुनने के लिए ‘सहयोग शिविर’ भी लगाए जाएंगे, जहां मुख्यमंत्री, मंत्री और विधायक खुद मौजूद रहकर युवाओं की शिकायतें सुनेंगे और सुझाव लेंगे।