Bihar: बिहार सरकार ने सड़क दुर्घटनाओं को लेकर बड़ा फैसला लिया है। अब सामूहिक सड़क हादसों को ‘विशेष स्थानीय आपदा’ की श्रेणी में रखा गया है। इस फैसले से सड़क हादसों में घायल हुए लोगों और उनके परिवारों को सरकारी
Bihar: बिहार सरकार ने सड़क दुर्घटनाओं को लेकर बड़ा फैसला लिया है। अब सामूहिक सड़क हादसों को ‘विशेष स्थानीय आपदा’ की श्रेणी में रखा गया है। इस फैसले से सड़क हादसों में घायल हुए लोगों और उनके परिवारों को सरकारी मदद मिलने में आसानी होगी। सरकार ने पुराने लंबित मामलों को भी निपटाने का भरोसा दिया है।
मुआवजा और इलाज से जुड़ी क्या हैं नई व्यवस्थाएं
सरकार ने सड़क हादसों में जान गंवाने वालों के परिवारों के लिए सहायता राशि को बढ़ा दिया है। अब मृतकों के आश्रितों को 5 लाख के बजाय 10 लाख रुपये दिए जाएंगे। इसके अलावा, घायलों के लिए इलाज की सुविधा भी बेहतर की गई है।
- आपातकालीन ट्रॉमा सेंटर में 1.5 लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज मिलेगा।
- प्रवासी मजदूरों की मौत होने पर शव को सरकारी खर्च पर उनके घर पहुंचाया जाएगा।
- घायल प्रवासी मजदूरों का इलाज भी सरकार ही कराएगी।
- 2021-22 के पुराने लंबित मामलों में भी मुआवजा दिया जाएगा।
वाहनों की वापसी और ड्राइवरों के लिए नए नियम
बिहार पुलिस मुख्यालय ने दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को लेकर नया आदेश जारी किया है। अब सामान्य सड़क हादसों के बाद जब्त वाहनों को 24 घंटे के भीतर वापस कर दिया जाएगा, हालांकि गंभीर आपराधिक धाराओं वाले मामले इसमें शामिल नहीं होंगे। साथ ही, भारी वाहन (HMV) चालकों के लिए 1 मई 2026 से ट्रेनिंग अनिवार्य होगी।
| सुविधा/नियम |
विवरण |
| राहवीर योजना |
मदद करने वाले व्यक्ति को 25,000 रुपये तक प्रोत्साहन राशि |
| ड्राइवर ट्रेनिंग |
ट्रेनिंग लेने वालों को 100 रुपये नाश्ता और 200 रुपये प्रोत्साहन |
| ट्रैफिक सिस्टम |
प्रमुख शहरों में ITMS सिस्टम लागू होगा |
| ब्लैक स्पॉट |
खतरनाक सड़कों का तकनीकी अध्ययन किया जाएगा |