Bihar में 2026 तक आएगा 5 लाख करोड़ का निवेश, CM सम्राट चौधरी ने 11,464 करोड़ की परियोजनाओं का किया उद्घाटन

Bihar: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने NDA सरकार के 100 दिन पूरे होने पर राज्य के विकास के लिए कई बड़े ऐलान किए हैं। सरकार ने 20 नवंबर 2026 तक बिहार में 5 लाख करोड़ रुपये का औद्योगिक निवेश लाने का लक्ष्य रखा है। मुख्यमंत्री

Bihar: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने NDA सरकार के 100 दिन पूरे होने पर राज्य के विकास के लिए कई बड़े ऐलान किए हैं। सरकार ने 20 नवंबर 2026 तक बिहार में 5 लाख करोड़ रुपये का औद्योगिक निवेश लाने का लक्ष्य रखा है। मुख्यमंत्री का मानना है कि अगर यह लक्ष्य पूरा होता है, तो बिहार देश के बड़े औद्योगिक राज्यों की लिस्ट में शामिल हो जाएगा।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने 11,464 करोड़ रुपये की कुल 2476 विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन किया। सरकार की योजना अब हर जिले में कम से कम एक बड़ा उद्योग लगाने की है। खेती और किसानों के लिए अगले पांच सालों में 25 नई चीनी मिलें खोली जाएंगी, जिनमें सकरी, रैयाम और सासामुसा मिलों का काम इसी साल शुरू हो जाएगा।

रोजगार और इंफ्रास्ट्रक्चर पर जोर देते हुए सरकार ने कई खास प्रोजेक्ट्स की जानकारी दी है। वैशाली के राजापाकर में 20 से 30 हजार करोड़ रुपये के निवेश से इंडस्ट्रीज और इलेक्ट्रॉनिक्स पार्क बनेंगे, जिससे करीब 1 लाख युवाओं को काम मिलेगा। वहीं गया के IMC परिसर में 3000 एकड़ में स्टील प्लांट हब बनाया जाएगा।

क्षेत्र/प्रोजेक्ट मुख्य विवरण
मरीन ड्राइव 3 साल में 1 लाख करोड़ की लागत से 200 किमी लंबा रास्ता
हवाई अड्डा सोनपुर में देश का सबसे बड़ा और सुल्तानगंज में नया एयरपोर्ट
नदी कॉरिडोर गंडक और कोसी नदी के किनारे कॉरिडोर का विकास
शिक्षा दो नए विश्वविद्यालय और एक रिसर्च सेंटर को मंजूरी
स्वास्थ्य 15 अगस्त से रेफर सिस्टम बंद, PPP मोड पर मेडिकल कॉलेज
महिला सशक्तिकरण पटना में आधुनिक ‘जीविका टावर’ का निर्माण

निवेशकों को लुभाने के लिए बिहार औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन पैकेज (BIIPP) 2025 की समय सीमा 31 दिसंबर 2026 तक बढ़ा दी गई है। इसके तहत उद्योगों को मुफ्त जमीन और टैक्स में छूट मिलेगी। 100 करोड़ से ज्यादा निवेश और 1000 लोगों को रोजगार देने वाली कंपनियों को 10 एकड़ तक जमीन मुफ्त मिलेगी, जबकि 1000 करोड़ से ज्यादा निवेश करने वालों को 25 एकड़ तक मुफ्त जमीन दी जाएगी।

सरकार ने ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ को बेहतर बनाने के लिए यह व्यवस्था की है कि आवेदन के 30 दिनों के भीतर उद्योगों को ऑटोमैटिक अनुमति मिल जाएगी। इसके अलावा आईटी विभाग ने Microsoft के साथ और डेयरी व मत्स्य विभाग ने HPCL और IOCL के साथ समझौता किया है।