Bihar: गोपालगंज जिले के एक नर्सिंग संस्थान ने छात्राओं के लिए शादी पर पाबंदी लगाने वाला एक अजीब आदेश जारी किया था। संस्थान ने कहा था कि ट्रेनिंग के दौरान शादी करने वाली छात्राओं का नामांकन रद्द कर दिया जाएगा। इस मामले के
Bihar: गोपालगंज जिले के एक नर्सिंग संस्थान ने छात्राओं के लिए शादी पर पाबंदी लगाने वाला एक अजीब आदेश जारी किया था। संस्थान ने कहा था कि ट्रेनिंग के दौरान शादी करने वाली छात्राओं का नामांकन रद्द कर दिया जाएगा। इस मामले के तूल पकड़ने और प्रशासन के हस्तक्षेप के बाद अब इस आदेश को वापस ले लिया गया है।
नर्सिंग संस्थान ने ऐसा आदेश क्यों जारी किया था?
गोपालगंज के हथुआ स्थित रामदुलारी कुँवर अनुमंडलीय अस्पताल परिसर में संचालित GNM School ने यह नियम बनाया था। संस्थान की प्राचार्या मानसी सिंह के मुताबिक, यह विभागीय दिशा-निर्देशों के तहत था। उनका कहना था कि नर्सिंग की पढ़ाई आवासीय होती है और शादी की वजह से छात्राओं की 100% उपस्थिति और पढ़ाई प्रभावित हो सकती है। नामांकन के समय छात्राओं से एक घोषणा पत्र पर साइन भी कराए जाते थे कि वे 3 साल की पढ़ाई पूरी होने तक शादी नहीं करेंगी।
प्रशासन ने इस मामले में क्या कार्रवाई की?
जब यह नोटिस सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, तो गोपालगंज के DM पवन कुमार सिन्हा ने इसे गंभीरता से लिया। उन्होंने हथुआ के SDM को 24 घंटे के भीतर इस पूरे मामले की जांच रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया था। प्रशासन की जांच और संज्ञान लेने के बाद अब सिविल सर्जन ने संस्थान के इस आदेश को पूरी तरह रद्द कर दिया है।
किन संस्थानों पर लागू था यह नियम?
- यह नियम GNM (General Nursing and Midwifery) स्कूल के लिए था।
- संस्थान के अनुसार यह नियम ANM (Auxiliary Nurse Midwifery) कोर्स करने वाली छात्राओं पर भी लागू था।
- आदेश पत्र की तारीख 16 अप्रैल 2026 बताई गई है।