Bihar : भागलपुर और मुंगेर के बीच मरीन ड्राइव यानी गंगा पथ का निर्माण कार्य शुरू हो गया है। Ghoshpur, Sabour और कोइला घाट के पास मिट्टी की जांच (soil testing) का काम चल रहा है। इस प्रोजेक्ट से इलाके की कनेक्टिविटी बेहतर ह
Bihar : भागलपुर और मुंगेर के बीच मरीन ड्राइव यानी गंगा पथ का निर्माण कार्य शुरू हो गया है। Ghoshpur, Sabour और कोइला घाट के पास मिट्टी की जांच (soil testing) का काम चल रहा है। इस प्रोजेक्ट से इलाके की कनेक्टिविटी बेहतर होगी और लोगों को सफर में काफी आसानी होगी।
मरीन ड्राइव प्रोजेक्ट की मुख्य बातें क्या हैं?
इस प्रोजेक्ट के तहत अलग-अलग चरणों में काम होगा। सुल्तानपुर से सबौर तक के दूसरे फेज की लंबाई 35 किमी है, जिस पर 3842.48 करोड़ रुपए खर्च होंगे। पूरे भागलपुर-मुंगेर मरीन ड्राइव की कुल लंबाई लगभग 90.08 किमी रहने की उम्मीद है, जिसकी कुल लागत करीब 9998 करोड़ रुपए बताई जा रही है।
निर्माण कार्य और समय सीमा क्या होगी?
Bihar State Road Development Corporation Limited (BSRDCL) इस पूरे प्रोजेक्ट की निगरानी और सर्वे का काम देख रही है। जमीन की पहचान का काम नवंबर 2025 से शुरू हो चुका है और चिन्हित जमीन पर पिलर लगाए जा रहे हैं। अधिकारियों के मुताबिक, मुख्य निर्माण कार्य अगले साल दिसंबर से शुरू होने की संभावना है और इसे पूरा होने में करीब चार साल का समय लगेगा।
आम लोगों को इससे क्या फायदा मिलेगा?
- शहरों के बीच ट्रैफिक जाम की समस्या कम होगी।
- सफर के समय में काफी कमी आएगी।
- इलाके के इंफ्रास्ट्रक्चर में सुधार होगा जिससे व्यापार को बढ़ावा मिलेगा।
- सड़क का डिजाइन ऐसा रखा गया है जिससे घनी आबादी वाले इलाकों में कम से कम दखल देना पड़े।