Bihar में फर्जी डिग्री से शिक्षक बनने वालों पर गाज, 3000 से ज्यादा की नौकरी जाएगी, वेतन की होगी वसूली
Bihar: पटना के शिक्षा विभाग में उस वक्त हड़कंप मच गया जब फर्जी डिग्री के सहारे शिक्षक बने लोगों का मामला सामने आया। निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की जांच में यह खुलासा हुआ है कि हजारों शिक्षकों ने गलत सर्टिफिकेट लगाकर सरकारी नौ
Bihar: पटना के शिक्षा विभाग में उस वक्त हड़कंप मच गया जब फर्जी डिग्री के सहारे शिक्षक बने लोगों का मामला सामने आया। निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की जांच में यह खुलासा हुआ है कि हजारों शिक्षकों ने गलत सर्टिफिकेट लगाकर सरकारी नौकरी पाई। अब सरकार ने इन लोगों के खिलाफ सख्त एक्शन लेने का मन बना लिया है।
शिक्षा मंत्री Mithilesh Tiwari ने साफ कहा है कि दोषियों पर कड़ी कार्रवाई होगी ताकि आगे कोई ऐसी हिम्मत न करे। विभाग ने भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है। इस पूरे मामले में अब तक 1,830 FIR दर्ज की जा चुकी हैं। सिर्फ नौकरी से निकालना ही काफी नहीं है, बल्कि सरकार इन फर्जी शिक्षकों से अब तक दिए गए वेतन की वसूली ब्याज समेत करेगी।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| प्रभावित शिक्षकों की संख्या | 3,000 से ज्यादा |
| दर्ज की गई FIR | 1,830 |
| जांच एजेंसी | निगरानी अन्वेषण ब्यूरो (Vigilance Investigation Bureau) |
| जांच का दायरा | 2006 से 2015 के बीच की भर्तियां |
| वेरीफाई किए गए सर्टिफिकेट | 6.7 लाख (लगभग 3.5 लाख शिक्षकों के) |
| भविष्य की भर्ती (TRE-4) | 20,000 या उससे अधिक पद |
यह पूरा मामला पटना High Court के निर्देश के बाद शुरू हुआ था। निगरानी ब्यूरो ने बड़े पैमाने पर सर्टिफिकेट्स की जांच की, जिसमें फर्जीवाड़ा पकड़ा गया। शिक्षा मंत्री ने यह भी बताया कि आने वाली भर्तियों में सर्टिफिकेट का वेरिफिकेशन पहले ही किया जाएगा। इसके अलावा, जून 2026 में जारी नई गाइडलाइंस के मुताबिक सरकारी शिक्षकों के प्राइवेट ट्यूशन या कोचिंग चलाने पर भी रोक लगा दी गई है और नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई होगी।