Bihar में AI से संवरेगा सुशासन, CM सम्राट चौधरी ने लॉन्च किया प्रोजेक्ट मॉनिटरिंग सिस्टम पोर्टल

Bihar/Patna : बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राज्य में विकास कार्यों को रफ्तार देने और सुशासन को मजबूत करने के लिए डिजिटल तकनीक का सहारा लिया है। मुख्यमंत्री ने 6 अगस्त, 2026 को बिहार विधान मंडल के सदस्यों के लिए आ

Bihar/Patna : बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राज्य में विकास कार्यों को रफ्तार देने और सुशासन को मजबूत करने के लिए डिजिटल तकनीक का सहारा लिया है। मुख्यमंत्री ने 6 अगस्त, 2026 को बिहार विधान मंडल के सदस्यों के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के संवेदीकरण और मुख्यमंत्री क्षेत्र विकास योजना के कार्यान्वयन पर एक विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम की शुरुआत की। इसी मौके पर उन्होंने ‘परियोजना निगरानी प्रणाली (प्रोजेक्ट मॉनिटरिंग सिस्टम)’ वेब पोर्टल भी लॉन्च किया, जिससे अब विकास कार्यों की निगरानी आसान हो जाएगी।

यह पूरा कार्यक्रम बिहार विधानसभा के विस्तारित भवन में आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि अगर बिहार ने AI और डिजिटल तकनीक को नहीं अपनाया, तो वह विकास की दौड़ में पिछड़ सकता है। उन्होंने मंत्रियों, विधायकों और विधान पार्षदों से अपील की कि वे जनता के साथ बेहतर संवाद और योजनाओं की सही निगरानी के लिए इन आधुनिक तकनीकों का ज्यादा से ज्यादा इस्तेमाल करें। मुख्यमंत्री ने एक उदाहरण देते हुए बताया कि सड़क निर्माण विभाग में AI के जरिए प्रोजेक्ट का अनुमान तैयार करने से लागत में 5 से 7 प्रतिशत की बचत हुई है।

शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में भी बड़े बदलाव की तैयारी है। अब बिहार के स्कूलों में कक्षा 6 से 12 तक कंप्यूटर शिक्षा अनिवार्य की जाएगी। साथ ही मुजफ्फरपुर में एक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एवं कंप्यूटर साइंस यूनिवर्सिटी भी बनाई जा रही है। स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने जानकारी दी कि स्वास्थ्य प्रणाली को स्मार्ट बनाने के लिए एक सॉफ्टवेयर तैयार किया जा रहा है, जिससे अस्पतालों में बेड की उपलब्धता और डॉक्टरों की मौजूदगी को ट्रैक किया जा सकेगा।

नया लॉन्च किया गया ‘प्रोजेक्ट मॉनिटरिंग सिस्टम’ वेब पोर्टल मुख्यमंत्री क्षेत्र विकास योजना (MKVY) के तहत काम करेगा। इस पोर्टल की मदद से जनप्रतिनिधि अपने क्षेत्र में चल रही परियोजनाओं की ताजा स्थिति और भौतिक प्रगति को रीयल टाइम में देख पाएंगे। इसमें डिजिटल मापन पुस्तिका (mBook), जियो-टैग फोटो और इंटरैक्टिव डैशबोर्ड जैसी सुविधाएं दी गई हैं, जिससे कामकाज में पारदर्शिता आएगी और जवाबदेही तय होगी। मुख्यमंत्री ने सभी जनप्रतिनिधियों और उनके कर्मचारियों के लिए सोशल मीडिया और कंप्यूटर के उपयोग पर नियमित ट्रेनिंग चलाने का भी आह्वान किया है।