Bihar: मुख्यमंत्री Samrat Chaudhary ने राज्य की आर्थिक स्थिति सुधारने के लिए बड़ा लक्ष्य रखा है। उन्होंने कहा कि सरकार का टारगेट है कि 20 नवंबर 2026 तक बिहार में 5 लाख करोड़ रुपये का निवेश लाया जाए। इस निवेश से राज्य में
Bihar: मुख्यमंत्री Samrat Chaudhary ने राज्य की आर्थिक स्थिति सुधारने के लिए बड़ा लक्ष्य रखा है। उन्होंने कहा कि सरकार का टारगेट है कि 20 नवंबर 2026 तक बिहार में 5 लाख करोड़ रुपये का निवेश लाया जाए। इस निवेश से राज्य में नए उद्योग लगेंगे और युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे।
निवेश का लक्ष्य और वर्तमान स्थिति क्या है?
CM Samrat Chaudhary ने बताया कि बिहार की धरती पर निवेश लाने के लिए सरकार पूरी कोशिश कर रही है। अब तक राज्य में 1.36 लाख करोड़ रुपये का निवेश आ चुका है। सरकार का मुख्य फोकस MSME सेक्टर को मजबूत करना है ताकि छोटे और मध्यम उद्योगों के जरिए राज्य में खुशहाली आए। इसके लिए Ease of Doing Business पर काम किया जा रहा है और नए इंडस्ट्रियल पार्क बनाए जा रहे हैं।
सरकार के 3 बड़े फैसले क्या हैं?
- शिक्षा: जुलाई तक उन सभी ब्लॉकों में डिग्री कॉलेज खोले जाएंगे जहां अभी कॉलेज नहीं हैं।
- विकास और टेक्नोलॉजी: बिहार की नेशनल ब्रांडिंग की जाएगी और निगरानी के लिए AI टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल होगा। साथ ही 11 नए सैटेलाइट टाउनशिप, एरोसिटी प्रोजेक्ट और इंटरनेशनल फ्लाइट्स पर काम होगा।
- सुशासन: CM ऑफिस से ब्लॉक, सर्कल और थानों की सीधी निगरानी होगी। पंचायतों में महीने में दो दिन कैंप लगेंगे और एक महीने से ज्यादा फाइल रोकने वाले अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई होगी।
इंफ्रास्ट्रक्चर और अन्य योजनाएं
राज्य में बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए कई प्रोजेक्ट्स पर काम चल रहा है। मुंगेर से भागलपुर तक एक Marine Drive बनाया जा रहा है। इसके अलावा बाबा हरिहरनाथ मंदिर कॉरिडोर का विकास और तारापुर विधानसभा क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा देने का फैसला लिया गया है। पुलिसकर्मियों को सुविधा देने के लिए उन्हें स्कूटर और मोटरसाइकिल भी दिए जाएंगे।
Frequently Asked Questions (FAQs)
बिहार सरकार ने निवेश का क्या लक्ष्य रखा है?
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने 20 नवंबर 2026 तक बिहार में 5 लाख करोड़ रुपये का निवेश लाने का लक्ष्य रखा है, जिसमें से 1.36 लाख करोड़ रुपये का निवेश पहले ही आ चुका है।
शिक्षा के क्षेत्र में सरकार क्या कदम उठा रही है?
सरकार ने यह फैसला लिया है कि जुलाई तक बिहार के उन सभी ब्लॉकों में डिग्री कॉलेज खोले जाएंगे जहां वर्तमान में कॉलेजों की सुविधा उपलब्ध नहीं है।