Bihar: पटना के दानापुर स्थित रामजीचक (दीघा) से जनगणना 2027 के पहले चरण की शुरुआत हो गई है। जिलाधिकारी Dr. Tyagarajan S. M. ने इस अभियान का शुभारंभ किया। इस चरण में मुख्य रूप से मकानों की लिस्टिंग और उनकी गिनती की जाएगी,
Bihar: पटना के दानापुर स्थित रामजीचक (दीघा) से जनगणना 2027 के पहले चरण की शुरुआत हो गई है। जिलाधिकारी Dr. Tyagarajan S. M. ने इस अभियान का शुभारंभ किया। इस चरण में मुख्य रूप से मकानों की लिस्टिंग और उनकी गिनती की जाएगी, जो आने वाले समय में सरकारी योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन के लिए जरूरी है।
Census 2027 के पहले चरण में क्या होगा
इस चरण के दौरान अधिकारी घर-घर जाकर मकानों का सूचीकरण करेंगे। यह प्रक्रिया 2 मई से शुरू होकर 31 मई 2026 तक चलेगी। इसमें कुल 33 सवाल पूछे जाएंगे, जिनमें घर की हालत, बिजली, पानी, साफ-सफाई और परिवार की जानकारी शामिल है। यह पहली बार है जब पूरी तरह से Digital Census किया जा रहा है, जिससे डेटा ज्यादा सटीक और आधुनिक होगा।
आम जनता के लिए क्या हैं नियम और जरूरी बातें
सरकार ने इस बार Self-enumeration यानी खुद जानकारी भरने की सुविधा भी दी थी, जो 17 अप्रैल से 1 मई तक उपलब्ध थी। अब डोर-टू-डोर सर्वे के दौरान अधिकारियों का सहयोग करना कानूनी रूप से अनिवार्य है। Census Act, 1948 के तहत दी गई सभी जानकारी गोपनीय रखी जाएगी और इसे Encryption के जरिए सुरक्षित किया गया है। गलत जानकारी देना या काम में बाधा डालना दंडनीय अपराध माना जाएगा।
विकास योजनाओं में कैसे होगी मदद
DM Dr. Tyagarajan S. M. और मुख्यमंत्री Samrat Choudhary ने बताया कि सही जनगणना एक समृद्ध लोकतंत्र की बुनियाद है। इस सर्वे से मिलने वाले डेटा का इस्तेमाल नई सरकारी नीतियां बनाने और कल्याणकारी योजनाओं को सही लोगों तक पहुंचाने के लिए किया जाएगा। बिहार में इस काम के लिए करीब 10,000 अधिकारी, Jeevika Didis और Anganwadi सेविकाओं की मदद ली जा रही है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
जनगणना 2027 का पहला चरण कब तक चलेगा
बिहार में मकानों की सूचीकरण और गणना का पहला चरण 2 मई 2026 से शुरू हुआ है और यह 31 मई 2026 तक जारी रहेगा।
सर्वे के दौरान अधिकारियों द्वारा क्या सवाल पूछे जाएंगे
सर्वेक्षक कुल 33 सवाल पूछेंगे, जिसमें घर की सुविधाओं जैसे बिजली, पानी, स्वच्छता, संपत्ति और परिवार के सदस्यों की सामाजिक जानकारी शामिल होगी।