Bihar में बनेगा बक्सर-भागलपुर सुपरफास्ट एक्सप्रेसवे, 8 घंटे का सफर 4 घंटे में होगा पूरा

Bihar: राज्य में परिवहन व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए बक्सर-भागलपुर एक्सप्रेसवे की तैयारी तेज हो गई है। इस प्रोजेक्ट के लिए विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार करने का काम शुरू कर दिया गया है। करीब 350 किलोमीटर लंबे इस

Bihar: राज्य में परिवहन व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए बक्सर-भागलपुर एक्सप्रेसवे की तैयारी तेज हो गई है। इस प्रोजेक्ट के लिए विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार करने का काम शुरू कर दिया गया है। करीब 350 किलोमीटर लंबे इस 6-लेन एक्सप्रेसवे के बनने से बक्सर से भागलपुर जाने वाले लोगों का समय आधा रह जाएगा और यह सफर 8 घंटे के बजाय सिर्फ 4 घंटे में पूरा होगा।

बिहार राज्य सड़क विकास निगम लिमिटेड (BSRDCL) ने इस एक्सप्रेसवे की DPR बनाने के लिए कंसल्टेंसी एजेंसियों से टेंडर मांगे हैं। निविदा दस्तावेज डाउनलोड करने की तारीख 16 जुलाई से 5 अगस्त 2026 तक रखी गई है। 27 जुलाई को प्री-प्रपोजल मीटिंग होगी और 5 अगस्त 2026 को तकनीकी बोलियां खोली जाएंगी। सरकार का लक्ष्य है कि चुनी गई एजेंसी 6 महीने में रिपोर्ट तैयार कर ले ताकि दिसंबर 2026 तक निर्माण कार्य शुरू किया जा सके।

यह एक्सप्रेसवे एक हाइब्रिड मॉडल पर आधारित होगा, जिसमें कुछ पुराने नेशनल हाईवे (NH-922, NH-31, NH-33) को बेहतर बनाया जाएगा और कुछ नए ग्रीनफील्ड खंड विकसित किए जाएंगे। पहले इस प्रोजेक्ट की देखरेख NHAI द्वारा होनी थी, लेकिन अब बिहार सरकार ने इसे अपने दम पर बनाने का फैसला किया है। इस वजह से एक्सप्रेसवे के रूट में कुछ बदलाव भी हो सकते हैं।

विवरण जानकारी
कुल लंबाई लगभग 350-360 किलोमीटर
लेन की संख्या 6-लेन एक्सेस-कंट्रोल्ड
प्रमुख शहर बक्सर, आरा, पटना, मोकामा, मुंगेर और भागलपुर
अनुमानित लागत कुछ अनुमानों के अनुसार 17,000 करोड़ रुपये
कनेक्टिविटी पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के जरिए दिल्ली-लखनऊ तक पहुंच

इस एक्सप्रेसवे के बनने से पूर्वी और पश्चिमी बिहार के बीच सीधा संपर्क स्थापित होगा। यह न केवल यात्रा के समय को कम करेगा बल्कि व्यापार और रोजगार के नए अवसर भी खोलेगा। मोकामा और मुंगेर के बीच 82.400 किलोमीटर के 4-लेन ग्रीनफील्ड खंड के लिए केंद्रीय मंत्रिमंडल ने सितंबर 2025 में 4447.38 करोड़ रुपये की मंजूरी दी थी।