Bihar के भोजपुर में पुलिस मुठभेड़ में युवक की मौत, मंत्री बोले- दुर्भाग्यपूर्ण, 3 पुलिसकर्मी सस्पेंड

भोजपुर: बिहार के भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव में पुलिस मुठभेड़ के दौरान भरत भूषण तिवारी नाम के एक 30 वर्षीय युवक की मौत हो गई। इस घटना के बाद इलाके में तनाव फैल गया है और परिजनों के साथ स्थानीय लोग

भोजपुर: बिहार के भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव में पुलिस मुठभेड़ के दौरान भरत भूषण तिवारी नाम के एक 30 वर्षीय युवक की मौत हो गई। इस घटना के बाद इलाके में तनाव फैल गया है और परिजनों के साथ स्थानीय लोग काफी गुस्से में हैं। विरोध जताने के लिए लोगों ने आरा-बक्सर फोरलेन को जाम कर दिया और पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की।

इस पूरे मामले पर बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इस घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताया और कहा कि पूरे मामले की जांच होगी। मंत्री ने साफ किया कि जो भी दोषी पाया जाएगा, उस पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि अगर मुठभेड़ जरूरी थी, तो पुलिस को हाफ एनकाउंटर करना चाहिए था।

दूसरी तरफ पुलिस का दावा है कि मृतक भरत तिवारी मानसिक रूप से परेशान था और उसने पहले भी कई बार फायरिंग की थी। भोजपुर एसपी राज के मुताबिक, बुधवार को मुठभेड़ के दौरान युवक ने पुलिस पर गोली चलाई, जिसके जवाब में पुलिस ने आत्मरक्षा में तीन राउंड फायरिंग की। मौके से पुलिस ने एक पिस्टल, दो जिंदा कारतूस, एक मैगजीन और दो खोखे बरामद किए हैं।

हालांकि, मृतक के परिवार और ग्रामीणों ने इन दावों को खारिज कर दिया है। परिजनों का आरोप है कि यह एनकाउंटर फर्जी है और भरत ने आत्मसमर्पण कर दिया था, फिर भी उसे गोली मार दी गई। मृतक की मां ने जगदीशपुर एसडीएम पर भी इस घटना के पीछे होने का आरोप लगाया है।

प्रारंभिक जांच में लापरवाही पाए जाने के बाद शाहाबाद रेंज के डीआईजी डॉ. सत्यप्रकाश ने बड़ी कार्रवाई की है। उन्होंने शाहपुर थानाध्यक्ष राजेश कुमार मलाकार, एक सब-इंस्पेक्टर और एक कांस्टेबल को तुरंत प्रभाव से निलंबित कर दिया है। मामले की गहराई से जांच के लिए FSL की टीम भी मौके पर पहुंचकर सबूत जुटा रही है।