Bihar में बागमती नदी उफान पर, मुजफ्फरपुर का पीपा पुल डूबा; कई जिलों में भारी बारिश का अलर्ट

Bihar/Muzaffarpur: नेपाल और तराई इलाकों में हो रही लगातार बारिश ने उत्तर बिहार में बाढ़ का खतरा बढ़ा दिया है। मुजफ्फरपुर में बागमती नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है, जिसकी वजह से कटरा और औराई को जोड़ने वाला पीपा पुल पूरी

Bihar/Muzaffarpur: नेपाल और तराई इलाकों में हो रही लगातार बारिश ने उत्तर बिहार में बाढ़ का खतरा बढ़ा दिया है। मुजफ्फरपुर में बागमती नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है, जिसकी वजह से कटरा और औराई को जोड़ने वाला पीपा पुल पूरी तरह डूब गया है। इस वजह से इलाके में आवागमन पूरी तरह ठप हो गया है।

सोमवार रात तक नदी का जलस्तर 10 सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ रहा था और यह खतरे के निशान के करीब पहुंच गया है। पुल डूबने से कटरा प्रखंड की करीब 16 से 22 पंचायतों के हजारों लोगों का संपर्क मुख्यालय से टूट गया है। अब लोगों को अपने काम के लिए 15 से 40 किलोमीटर की अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ रही है, जिससे मरीजों और छात्रों को सबसे ज्यादा दिक्कत हो रही है। अगर जलस्तर इसी तरह बढ़ता रहा तो कटरा के निचले इलाकों और कई गांवों में पानी घुस सकता है।

बागमती नदी का कहर सिर्फ मुजफ्फरपुर तक सीमित नहीं है। सीतामढ़ी के सोनाखान गेज प्वाइंट पर नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। वहीं शिवहर में जलस्तर खतरे के निशान से 50 सेंटीमीटर नीचे है, लेकिन वहां पिपराही पुल और निर्माणाधीन श्मशान घाट पर कटाव का डर बना हुआ है।

हालात को देखते हुए तिरहुत प्रमंडल के आयुक्त गिरिवर दयाल सिंह ने सभी छह जिलों के DM को 24 घंटे अलर्ट मोड पर रहने का निर्देश दिया है। उन्होंने तटबंधों की लगातार निगरानी करने और फ्लैश फ्लड की स्थिति में लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की तैयारी पूरी रखने को कहा है। शिवहर की जिलाधिकारी प्रतिभा रानी ने भी आपदा प्रबंधन शाखा और तकनीकी टीमों को एक्शन मोड में रहने का आदेश दिया है।

सीतामढ़ी में जल संसाधन विभाग के कनीय अभियंता शिवम कुमार मृत्युंजय ने बताया कि तटबंधों पर बने रेन कट की मरम्मत कर दी गई है और इंजीनियरों की टीम तैनात है। फिलहाल तटबंध सुरक्षित हैं।

मौसम विभाग (IMD) ने भी चेतावनी जारी की है। 14 जुलाई को सीतामढ़ी, मुजफ्फरपुर, वैशाली, समस्तीपुर, दरभंगा, सुपौल, पूर्णिया, कटिहार, खगड़िया और मुंगेर समेत 10 जिलों में भारी बारिश और बिजली गिरने का अलर्ट है। वहीं 15 जुलाई के लिए 13 जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जिसमें तेज हवाओं के साथ व्यापक बारिश की संभावना है। प्रशासन ने किसी भी आपात स्थिति के लिए NDRF, SDRF की टीमें और नावें तैयार रखी हैं।