Bihar: औरंगाबाद में एक अनोखी तस्वीर सामने आई है। यहां के प्रधान जिला जज Rajiv Ranjan Kumar बुधवार को अपनी सरकारी गाड़ी छोड़कर साइकिल से कोर्ट पहुंचे। उन्होंने अपने आवास से कोर्ट तक की करीब 1 से 2 किलोमीटर की दूरी पैडल मा
Bihar: औरंगाबाद में एक अनोखी तस्वीर सामने आई है। यहां के प्रधान जिला जज Rajiv Ranjan Kumar बुधवार को अपनी सरकारी गाड़ी छोड़कर साइकिल से कोर्ट पहुंचे। उन्होंने अपने आवास से कोर्ट तक की करीब 1 से 2 किलोमीटर की दूरी पैडल मारकर तय की। उनके साथ उनके बॉडीगार्ड और कोर्ट के अन्य कर्मचारी भी साइकिल पर नजर आए।
जज साहब ने साइकिल का इस्तेमाल क्यों किया?
यह कदम प्रधानमंत्री Narendra Modi की उस अपील के बाद उठाया गया है जिसमें उन्होंने ईंधन बचाने की बात कही थी। पीएम मोदी ने 10 और 11 मई 2026 को नागरिकों से पेट्रोल और डीजल बचाने की अपील की थी। जज Rajiv Ranjan Kumar का कहना था कि ईंधन बचाने की जिम्मेदारी सिर्फ आम जनता की नहीं बल्कि जजों की भी है। उनका यह तरीका प्रदूषण कम करने और सेहतमंद जीवन जीने का संदेश देता है।
बिहार सरकार और अन्य जजों पर क्या असर हुआ?
जज साहब की इस पहल से प्रेरित होकर फैमिली कोर्ट के जज Arun Kumar ने भी साइकिल से कोर्ट आना शुरू कर दिया है। वहीं बिहार के मुख्यमंत्री Samrat Chaudhary ने भी ईंधन बचाने के लिए कई निर्देश दिए हैं। सरकार ने मुख्यमंत्री के काफिले में गाड़ियों की संख्या कम करने, मंत्रियों को कम गाड़ियों के इस्तेमाल और सरकारी मीटिंग्स के लिए वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग अपनाने जैसे फैसले लिए हैं। इसके अलावा सरकारी कैंटीन में पाम ऑयल का इस्तेमाल कम करने और हफ्ते में एक दिन ‘नो व्हीकल डे’ मनाने की भी अपील की गई है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
औरंगाबाद के जज साइकिल से कोर्ट क्यों गए?
प्रधान जिला जज Rajiv Ranjan Kumar प्रधानमंत्री Narendra Modi की ईंधन बचाने की अपील से प्रेरित होकर साइकिल से कोर्ट पहुंचे ताकि प्रदूषण कम हो और ईंधन की बचत हो सके।
बिहार सरकार ने ईंधन बचाने के लिए क्या कदम उठाए हैं?
मुख्यमंत्री Samrat Chaudhary ने काफिले में गाड़ियां कम करने, वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग का उपयोग बढ़ाने और हफ्ते में एक दिन बिना गाड़ी के रहने की अपील की है।