Bihar: पटना के गांधी मैदान में आयोजित एक कार्यक्रम में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बिहार अग्निशमन विभाग के लिए AI-आधारित कंट्रोल रूम का उद्घाटन किया। इस मौके पर उन्होंने 80 नए और आधुनिक फायर ब्रिगेड वाहनों को हरी झंडी दि
Bihar: पटना के गांधी मैदान में आयोजित एक कार्यक्रम में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बिहार अग्निशमन विभाग के लिए AI-आधारित कंट्रोल रूम का उद्घाटन किया। इस मौके पर उन्होंने 80 नए और आधुनिक फायर ब्रिगेड वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। सरकार का मकसद आपदा प्रबंधन को हाईटेक बनाना है ताकि आग लगने जैसी आपातकालीन स्थितियों में लोगों की जान बचाई जा सके।
AI कंट्रोल रूम और नए वाहनों से क्या होगा फायदा
मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार का लक्ष्य है कि आग लगने की खबर मिलने के 5 से 10 मिनट के भीतर दमकल की गाड़ी और टीम मौके पर पहुंच जाए। AI तकनीक वाले कंट्रोल रूम से सूचनाएं तेजी से मिलेंगी और गाड़ियों की लोकेशन ट्रैक करना आसान होगा। इससे घनी आबादी वाले इलाकों और ऊंची इमारतों में आग बुझाने के काम में काफी मदद मिलेगी।
बेड़े में कौन सी गाड़ियां शामिल हुईं और कहां जाएंगी
बिहार अग्निशमन विभाग के बेड़े में कुल 80 हाईटेक गाड़ियां जोड़ी गई हैं। इसमें 36 Scorpio SUV और आधुनिक हाइड्रोलिक फायर टेंडर शामिल हैं। इन सभी गाड़ियों को राज्य के अलग-अलग जिलों में भेजा जाएगा ताकि जिला स्तर पर इमरजेंसी सेवाओं को और मजबूत किया जा सके। कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी और मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव भी मौजूद थे।
सुरक्षा और ट्रेनिंग पर सरकार का जोर
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि लोगों की सुरक्षा सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता है। उन्होंने जानकारी दी कि गृह रक्षा वाहिनी और अग्निशमन सेवा विभाग के 8,000 कर्मियों को विशेष ट्रेनिंग दी गई है। साथ ही उन्होंने यह भी जिक्र किया कि राज्य में कानून व्यवस्था बनाए रखने और 5 लाख करोड़ रुपये के निवेश को आकर्षित करने पर काम चल रहा है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
बिहार में नए फायर ब्रिगेड वाहनों का लक्ष्य क्या है?
सरकार का लक्ष्य है कि आग लगने की सूचना मिलने के बाद मात्र 5 से 10 मिनट के भीतर दमकल वाहन और अग्निशमन दल मौके पर पहुंच जाएं।
नए बेड़े में किस तरह की गाड़ियां शामिल की गई हैं?
कुल 80 हाईटेक गाड़ियां शामिल की गई हैं, जिनमें 36 स्कॉर्पियो एसयूवी और आधुनिक हाइड्रोलिक फायर टेंडर शामिल हैं, जिन्हें विभिन्न जिलों में भेजा जाएगा।