Bihar: भागलपुर का मशहूर जर्दालु आम अब सिर्फ भारत ही नहीं बल्कि विदेशों में भी अपनी पहचान बना रहा है। अपनी खास खुशबू और मिठास की वजह से इस आम की मांग अंतरराष्ट्रीय बाजारों में तेजी से बढ़ी है। बिहार सरकार और APEDA के सहयो
Bihar: भागलपुर का मशहूर जर्दालु आम अब सिर्फ भारत ही नहीं बल्कि विदेशों में भी अपनी पहचान बना रहा है। अपनी खास खुशबू और मिठास की वजह से इस आम की मांग अंतरराष्ट्रीय बाजारों में तेजी से बढ़ी है। बिहार सरकार और APEDA के सहयोग से अब इसे दुनिया के कई बड़े देशों में भेजा जा रहा है, जिससे स्थानीय किसानों की कमाई बढ़ने की उम्मीद है।
जर्दालु आम की विदेशों में मांग क्यों बढ़ रही है
जर्दालु आम अपनी मखमली मिठास और बिना रेशे वाले गूदे के लिए जाना जाता है। इसकी हल्की पीली त्वचा और अनोखी सुगंध विदेशी ग्राहकों को काफी पसंद आ रही है। 2018 में मिले GI टैग ने इसकी शुद्धता और पहचान को कानूनी मजबूती दी, जिससे अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसका भरोसा बढ़ा। जून 2021 में पहली बार इसकी खेप UK भेजी गई थी, जिसके बाद अब दुबई, श्रीलंका और बांग्लादेश जैसे देशों से भी बड़े ऑर्डर मिल रहे हैं।
किसानों की आय बढ़ाने के लिए क्या कदम उठाए गए
भागलपुर के शाहकुंड में जर्दालु और दूधिया मालदा आमों के लिए ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ बनाने की तैयारी चल रही है। यह केंद्र किसानों को आधुनिक खेती, पौधों के प्रबंधन और बीमारियों से बचाव की जानकारी एक ही जगह देगा। निर्यात की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए जैविक खेती को बढ़ावा दिया जा रहा है और APEDA के जरिए सर्टिफिकेशन दिया जा रहा है। लखनऊ जैसे शहरों में मौजूद पैकहाउस सुविधाओं का इस्तेमाल आमों की सुरक्षित पैकिंग और ट्रीटमेंट के लिए किया जा रहा है।
निर्यात और ऑनलाइन बिक्री की वर्तमान स्थिति
मई 2022 में ब्रिटेन ने 500 क्विंटल आम की बुकिंग की थी और अब यूरोपीय संघ (EU) व अमेरिका में भी निर्यात की योजना है। घरेलू स्तर पर भी इसकी लोकप्रियता बढ़ी है और जून 2024 तक विभिन्न राज्यों से 1.5 टन से ज्यादा आम की ऑनलाइन बुकिंग हो चुकी है। बड़े ब्रांड मॉल में भी जर्दालु आम के स्टॉल लगाने की तैयारी है, ताकि आम लोगों तक इसकी पहुंच आसान हो सके।
Frequently Asked Questions (FAQs)
जर्दालु आम को GI टैग कब मिला और इसका क्या फायदा है
जर्दालु आम को 2018 में भौगोलिक संकेत (GI) टैग मिला। इससे इस आम की विशिष्ट गुणवत्ता और भौगोलिक पहचान प्रमाणित हुई, जिससे अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी मांग और कीमत दोनों बढ़ी हैं।
जर्दालु आम किन देशों में निर्यात किया जा रहा है
वर्तमान में जर्दालु आम का निर्यात यूनाइटेड किंगडम (UK), दुबई, श्रीलंका और बांग्लादेश में किया जा रहा है। इसके अलावा यूरोपीय संघ और अमेरिका में भी निर्यात की योजनाएं बनाई जा रही हैं।