Bhagalpur में श्रावणी मेले की तैयारी, लापरवाही पर DM अलंकृता पांडेय ने बिजली विभाग को दी चेतावनी
Bhagalpur: विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेले को लेकर भागलपुर प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। जिलाधिकारी (DM) अलंकृता पांडेय ने सुल्तानगंज में व्यवस्थाओं का जायजा लिया और श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर सख्त रुख अपनाया है। उन
Bhagalpur: विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेले को लेकर भागलपुर प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। जिलाधिकारी (DM) अलंकृता पांडेय ने सुल्तानगंज में व्यवस्थाओं का जायजा लिया और श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर सख्त रुख अपनाया है। उन्होंने स्पष्ट कर दिया है कि कांवरियों की सुविधाओं में किसी भी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
डीएम अलंकृता पांडेय ने बिजली विभाग की धीमी रफ्तार पर नाराजगी जताई है। उन्होंने कार्यकारी अभियंता को निर्देश दिया है कि मेला क्षेत्र में कहीं भी बिजली के तार झूलते हुए नहीं मिलने चाहिए, क्योंकि लाखों की भीड़ में एक छोटी सी चूक बड़े हादसे का कारण बन सकती है। उन्होंने सभी अधूरे कार्यों को 10 दिनों के भीतर पूरा करने का अल्टीमेटम दिया है।
सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए डीएम और एसएसपी प्रमोद कुमार यादव ने संयुक्त निरीक्षण किया। एसएसपी ने बताया कि नमामि गंगे घाट से लेकर कांवरिया पथ तक 9 से 12 अस्थायी थाने बनाए जाएंगे ताकि भीड़ को नियंत्रित किया जा सके। वहीं, नमामि गंगे घाट की सीढ़ियों पर फिसलन रोकने के लिए मजबूत सुरक्षा घेरा बनाने का आदेश दिया गया है और जल संसाधन विभाग को अजगैबीनाथ मंदिर के घाट को 12 जुलाई तक तैयार करने को कहा गया है।
इस बार मेले में श्रद्धालुओं के लिए कई नई सुविधाएं भी मिलेंगी। सुल्तानगंज के धांधी बेलारी इलाके में 2 किलोमीटर लंबे कवर्ड हाई-वोल्टेज तार बिछाए जा रहे हैं और दो नए ट्रांसफार्मर लगाए जा रहे हैं ताकि वोल्टेज की समस्या न हो। साथ ही, किसी भी तकनीकी खराबी को तुरंत ठीक करने के लिए एक हाई-टेक केंद्रीय नियंत्रण कक्ष बनाया जा रहा है।
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भी तैयारियों की समीक्षा करते हुए साफ-सफाई, शुद्ध पेयजल और जर्जर तारों को बदलने के निर्देश दिए थे। इस साल पूरे नगर को शिव थीम पर सजाया जाएगा और श्रद्धालुओं के लिए लेजर शो और ड्रोन शो जैसे खास कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। वहीं देवघर में मंत्री सुदिव्य कुमार ने साफ किया है कि वीआईपी और वीवीआईपी के लिए आउट ऑफ टर्न दर्शन पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा।