Bihar: भागलपुर हवाई अड्डे पर विमानन गतिविधियों को शुरू करने की तैयारी तेज हो गई है। भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) की छह सदस्यीय टीम ने हवाई अड्डे का विस्तृत निरीक्षण किया है। इस कदम से स्थानीय युवाओं के लिए एविएशन से
Bihar: भागलपुर हवाई अड्डे पर विमानन गतिविधियों को शुरू करने की तैयारी तेज हो गई है। भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) की छह सदस्यीय टीम ने हवाई अड्डे का विस्तृत निरीक्षण किया है। इस कदम से स्थानीय युवाओं के लिए एविएशन सेक्टर में नौकरी और ट्रेनिंग के नए रास्ते खुलेंगे।
निरीक्षण में किन बातों पर दिया गया जोर
AAI की टीम ने 15 से 17 अप्रैल, 2026 के बीच रनवे, परिसर और सुरक्षा मानकों की जांच की। टीम ने देखा कि रनवे की लंबाई वर्तमान में 1,100 मीटर है, जिसे करीब 1,300 मीटर तक माना जा सकता है। इसके अलावा, वीआईपी लाउंज की स्थिति और हवाई अड्डे के आसपास मौजूद मोबाइल टावरों और ऊंचे पेड़ों का आकलन किया गया, क्योंकि ये उड़ान के समय बाधा बन सकते हैं।
ट्रेनिंग और हवाई खेलों की क्या है योजना
एयरो क्लब ऑफ इंडिया (ACI) ने भी 9 और 10 अप्रैल, 2026 को निरीक्षण किया था। इसका मकसद भागलपुर को पैराग्लाइडिंग और उड़ान प्रशिक्षण केंद्र के रूप में विकसित करना है। यह पूरी प्रक्रिया बिहार सरकार और ACI के बीच हुए एमओयू का हिस्सा है। डीजीसीए के नियमों के तहत नॉन-शेड्यूल ऑपरेटर परमिट (NSOP) के जरिए ट्रेनिंग उड़ानें शुरू करने की तैयारी है।
ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट और भविष्य की तैयारी
| मुख्य बिंदु |
विवरण |
| बजट मंजूरी |
केंद्र सरकार ने 2025-26 बजट में नए ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट को मंजूरी दी |
| शुल्क भुगतान |
बिहार सरकार ने व्यवहार्यता अध्ययन के लिए AAI को 1.21 करोड़ रुपये दिए |
| सर्वेक्षण |
उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने जनवरी 2026 में हवाई सर्वेक्षण किया |
| उद्देश्य |
UDAN योजना के तहत क्षेत्रीय हवाई संपर्क का विस्तार करना |
नागरिक उड्डयन मंत्रालय अब AAI की रिपोर्ट के आधार पर तय करेगा कि मौजूदा बुनियादी ढांचे में कितने सीटों वाले विमान उड़ान भर सकते हैं और आगे क्या बदलाव जरूरी होंगे।