Bangladesh में भारी बारिश और बाढ़ से तबाही, 51 लोगों की मौत और लाखों बेघर

World: बांग्लादेश में जुलाई के महीने में हुई भारी मानसूनी बारिश ने भारी तबाही मचाई है। देश के कई हिस्सों में बाढ़ और लैंडस्लाइड (भूस्खलन) की वजह से अब तक 51 लोगों की जान जा चुकी है। इस प्राकृतिक आपदा ने लाखों लोगों का जी

World: बांग्लादेश में जुलाई के महीने में हुई भारी मानसूनी बारिश ने भारी तबाही मचाई है। देश के कई हिस्सों में बाढ़ और लैंडस्लाइड (भूस्खलन) की वजह से अब तक 51 लोगों की जान जा चुकी है। इस प्राकृतिक आपदा ने लाखों लोगों का जीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है और हजारों परिवार बेघर हो गए हैं।

तबाही की शुरुआत 5 जुलाई के आसपास हुई थी। सबसे बुरा असर दक्षिण-पूर्वी बांग्लादेश में देखा गया, जहां लैंडस्लाइड की वजह से कई मौतें हुईं। Cox’s Bazar के Rohingya शरणार्थी शिविरों में हुए भूस्खलन में बच्चों और शिक्षकों समेत कई लोगों की मौत हो गई। 11 जुलाई तक 44 लोगों की मौत की खबर थी, जो 12 जुलाई तक बढ़कर 51 हो गई। करीब 10 लाख से ज्यादा लोग इस आपदा की वजह से फंसे हुए हैं। राजधानी Dhaka में भी भारी बारिश के कारण सड़कों पर पानी भर गया, जिससे आम जनजीवन और यातायात पूरी तरह ठप हो गया।

हालात को देखते हुए बांग्लादेश सरकार ने सेना, नौसेना, वायुसेना और बॉर्डर गार्ड (BGB) के जवानों को राहत और बचाव कार्य के लिए तैनात किया है। आपदा प्रबंधन मंत्रालय ने प्रभावित परिवारों की मदद के लिए 4.60 करोड़ टका नकद और 8,950 टन चावल आवंटित किया है। बेघर हुए लोगों के लिए करीब 4,000 शेल्टर होम खोले गए हैं। प्रधानमंत्री Tarique Rahman ने देशभर में बाढ़ अलर्ट जारी किया है और पर्यावरण सुधार के लिए 25 करोड़ पेड़ लगाने का अभियान शुरू किया है।

इस संकट की घड़ी में अंतरराष्ट्रीय संस्थाएं भी मदद कर रही हैं। Caritas Bangladesh, Save the Children और International Rescue Committee जैसी संस्थाएं भोजन, साफ पानी और मनोवैज्ञानिक मदद पहुंचा रही हैं। पाकिस्तान के राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री ने भी इस हादसे पर दुख जताया है और पीड़ितों के लिए प्रार्थना की है। मौसम विभाग (FFWC) के अनुसार, उत्तर-पूर्वी और उत्तरी हिस्सों में अभी भी भारी बारिश की संभावना है, जिससे आने वाले 48 घंटों में स्थिति और बिगड़ सकती है। खराब मौसम के कारण Dhaka University ने 13 जुलाई की परीक्षाएं भी स्थगित कर दी हैं।