Ayodhya राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामला, चंपत राय और अनिल मिश्रा पर कार्रवाई तय, SIT आज सौंपेगी रिपोर्ट
UP: अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी के मामले में अब तक की सबसे बड़ी अपडेट सामने आई है। स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) की जांच में ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा पर गाज गिरना लगभग तय माना जा रहा
UP: अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी के मामले में अब तक की सबसे बड़ी अपडेट सामने आई है। स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) की जांच में ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा पर गाज गिरना लगभग तय माना जा रहा है। SIT आज 20 जून 2026 को लखनऊ लौट रही है और जल्द ही अपनी रिपोर्ट मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को सौंपेगी।
इस पूरे मामले की गंभीरता को देखते हुए यूपी सरकार ने 13-14 जून को तीन सदस्यीय SIT बनाई थी। इस टीम की कमान लखनऊ मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत (IAS) के हाथों में है, जबकि IG किरण एस. और विशेष सचिव नीलरतन कुमार भी इसमें शामिल हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने साफ कहा है कि जो भी दोषी होगा उसे बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे बिना सबूत के टिप्पणी न करें और किसी के पास जानकारी हो तो SIT को दें।
जांच में कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। महासचिव चंपत राय से कई बार पूछताछ की गई है और उनके बयानों की वीडियो रिकॉर्डिंग भी हुई है। वहीं ट्रस्टी अनिल मिश्रा पर निर्माण कार्य में 40% कमीशन लेने का आरोप लगा है, जिसके बाद उन्हें ट्रस्ट से हटाया जा सकता है। इसके अलावा, कर्मचारियों की भूमिका भी संदिग्ध मिली है। लव कुश मिश्रा नाम के एक कर्मचारी के घर से गोबर के ढेर में छिपाकर रखी गई भारी नकदी मिली है, जबकि उसकी सैलरी सिर्फ 18 हजार रुपये थी। टिन्नू यादव पर भी गबन कर आलीशान घर बनाने का आरोप है।
SIT की जांच में मंदिर ट्रस्ट के कामकाज में बड़ी खामियां मिली हैं। दानपात्रों से पैसा निकालते समय कोई सही निगरानी नहीं थी और गिनती करने वाले कर्मचारी बिना किसी जांच के गोपनीय कमरे से बाहर निकल जाते थे। इतना ही नहीं, मंदिर की नींव के लिए दान की गई 60 किलो चांदी की शिलाएं भी रिकॉर्ड से गायब मिली हैं। CCTV फुटेज के साथ छेड़छाड़ और फर्जी वेबसाइट के जरिए दान इकट्ठा करने के मामले की भी जांच चल रही है।
| नाम/पद | आरोप/स्थिति |
|---|---|
| चंपत राय (महासचिव) | पूछताछ पूरी, कार्रवाई लगभग तय |
| अनिल मिश्रा (ट्रस्टी) | 40% कमीशन लेने का आरोप, हटाए जा सकते हैं |
| लव कुश मिश्रा (कर्मचारी) | गोबर के ढेर में नकदी मिली, 1.5 करोड़ की जमीन खरीदी |
| टिन्नू यादव | धन का गबन कर आलीशान घर बनाने का आरोप |
| चांदी की शिलाएं | 60 किलो चांदी रिकॉर्ड से गायब |
इस पूरे घटनाक्रम पर राजनीति भी शुरू हो गई है। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इस मामले को उठाते हुए SIT जांच की डेली अपडेट मांगी है। अब सबकी नजरें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को मिलने वाली रिपोर्ट पर टिकी हैं, जिससे यह साफ होगा कि किन-किन लोगों पर कानूनी कार्रवाई होगी और ट्रस्ट में क्या प्रशासनिक बदलाव किए जाएंगे।