Abu Dhabi में बिना ड्राइवर वाली कारों के लिए जारी होंगी स्पेशल नंबर प्लेट, नीला रंग होगा पहचान

World : अबू धाबी ने सड़कों पर चलने वाली बिना ड्राइवर की कारों (Self-driving vehicles) के लिए खास लाइसेंस प्लेट शुरू की हैं। इन नई नंबर प्लेटों की मदद से यह पहचानना आसान होगा कि कौन सी गाड़ी ऑटोमैटिक है और कौन सी टेस्टिंग

World : अबू धाबी ने सड़कों पर चलने वाली बिना ड्राइवर की कारों (Self-driving vehicles) के लिए खास लाइसेंस प्लेट शुरू की हैं। इन नई नंबर प्लेटों की मदद से यह पहचानना आसान होगा कि कौन सी गाड़ी ऑटोमैटिक है और कौन सी टेस्टिंग के दौर से गुजर रही है। इस कदम से सड़कों पर सुरक्षा बढ़ेगी और स्मार्ट ट्रांसपोर्ट सिस्टम को बढ़ावा मिलेगा।

अबू धाबी सरकार ने 13 जुलाई 2026 को इस नई व्यवस्था की घोषणा की। इसके तहत दो तरह की प्लेट जारी की जाएंगी। कमर्शियल यानी व्यावसायिक तौर पर चलने वाली बिना ड्राइवर की गाड़ियों के लिए ‘Auto Drive’ प्लेट होगी, जबकि जो गाड़ियां अभी ट्रायल या टेस्टिंग फेज में हैं, उनके लिए ‘Test’ प्लेट का इस्तेमाल होगा। पहचान के लिए दोनों तरह की प्लेटों का डिजाइन एक जैसा और नीले रंग का रखा गया है।

Integrated Transport Centre (Abu Dhabi Mobility) के एक्टिंग डायरेक्टर जनरल डॉ. अब्दुल्ला हमद अलघफली ने बताया कि यह कदम अबू धाबी को एक स्मार्ट और टिकाऊ ट्रांसपोर्ट सिस्टम की ओर ले जाने वाला बड़ा मील का पत्थर है। सरकार का लक्ष्य है कि साल 2040 तक शहर की कुल यात्राओं का 25 प्रतिशत हिस्सा स्मार्ट ट्रांसपोर्ट सॉल्यूशंस के जरिए पूरा हो।

इन नंबर प्लेटों का सीधा संबंध गाड़ियों के लाइसेंस और ऑपरेशनल नियमों से होगा, ताकि सभी मानक पूरे हों। हाल ही में Masdar City में बिना ड्राइवर के सामान पहुंचाने वाली गाड़ियों का पायलट प्रोग्राम भी शुरू किया गया है। आने वाले महीनों में इन गाड़ियों को रिहायशी इलाकों और कमर्शियल जोन में भी विस्तार से चलाने की योजना है।

इस दिशा में Baidu Inc. की ‘Apollo Go’ सर्विस को पहले ही पूरी तरह से बिना ड्राइवर वाली कमर्शियल परमिट मिल चुके हैं। Apollo Go और AutoGo मिलकर 2026 तक अपनी गाड़ियों की संख्या को बढ़ाकर सैकड़ों तक ले जाने की तैयारी में हैं। यह पूरी पहल Smart and Autonomous Vehicle Industries (SAVI) क्लस्टर का हिस्सा है, जिसका मकसद स्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर को विकसित करना और ऐसी प्रणालियों का स्थानीय उत्पादन बढ़ाना है।