Mumbai में छात्र प्रदर्शन पर बवाल, Aaditya Thackeray ने मांगी FIR वापस, मुफ्त कानूनी मदद का वादा
Maharashtra: मुंबई में हाल के छात्र प्रदर्शनों को लेकर राजनीति गरमा गई है। Shiv Sena (UBT) के नेता Aaditya Thackeray ने बीजेपी सरकार से मांग की है कि प्रदर्शन करने वाले छात्रों के खिलाफ दर्ज सभी FIR और नोटिस तुरंत वापस ल
Maharashtra: मुंबई में हाल के छात्र प्रदर्शनों को लेकर राजनीति गरमा गई है। Shiv Sena (UBT) के नेता Aaditya Thackeray ने बीजेपी सरकार से मांग की है कि प्रदर्शन करने वाले छात्रों के खिलाफ दर्ज सभी FIR और नोटिस तुरंत वापस लिए जाएं। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासन युवा प्रदर्शनकारियों को डराने की कोशिश कर रहा है।
Aaditya Thackeray ने 28 जुलाई 2026 को ऐलान किया कि उनकी पार्टी की लीगल टीम उन छात्रों को मुफ्त कानूनी सहायता (pro bono) देगी जिन पर प्रदर्शन के दौरान केस दर्ज हुए हैं। उन्होंने प्रभावित छात्रों से पार्टी के लीगल सेल को ईमेल के जरिए संपर्क करने को कहा है। साथ ही, उन्होंने पुलिस द्वारा प्रदर्शनों के दौरान किए गए कथित बल प्रयोग की जांच कराने की भी मांग की है।
इस पूरे मामले में मुंबई पुलिस ने 18 जुलाई से अब तक 13 FIR दर्ज की हैं और करीब 400 लोगों के खिलाफ गैरकानूनी जमावड़े और पाबंदी के आदेशों के उल्लंघन का मामला दर्ज किया है। पुलिस का कहना है कि वे महाराष्ट्र सरकार से FIR हटाने के आधिकारिक आदेश का इंतजार कर रहे हैं।
वहीं, Cockroach Janta Party (CJP) ने दावा किया कि केंद्र सरकार ने बिहार और असम जैसे राज्यों में FIR वापस लेने और गिरफ्तार लोगों को छोड़ने का भरोसा दिया है। महाराष्ट्र सरकार के गृह और राजनीतिक विभाग ने भी कहा है कि 26 जुलाई 2026 की शाम 6 बजे से पहले दर्ज प्रदर्शन संबंधी मामलों में कोई प्रतिकूल कानूनी कार्रवाई नहीं की जाएगी और इन्हें वापस लेने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
Aaditya Thackeray ने सरकार पर हमला बोलते हुए इसे ‘युवा विरोधी’ शासन बताया। उन्होंने MH-CET परीक्षा में गड़बड़ियों और सोशल मीडिया पर विरोध जताने वालों को चुप कराने के प्रयासों पर भी सवाल उठाए हैं। इस बीच, सुप्रीम कोर्ट ने भी साफ किया है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन करना संवैधानिक अधिकार है और पुलिस को प्रदर्शनकारियों के साथ जरूरत से ज्यादा सख्ती नहीं करनी चाहिए।